चित्रकूट में बूथों की नई सूची जारी, 1200 से ज़्यादा मतदाता वाले केंद्रों का विभाजन
चित्रकूट में बूथों की नई सूची जारी, 1200 से ज़्यादा मतदाता वाले केंद्रों का विभाजन
चित्रकूट। जिला निर्वाचन कार्यालय ने विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र 236-चित्रकूट और 237-मानिकपुर के मतदेय स्थलों की आलेख्य सूची प्रकाशित कर दी है। इस सूची के संबंध में आम लोगों, राजनीतिक दलों और जनप्रतिनिधियों से 11 जुलाई तक आपत्तियाँ एवं सुझाव माँगे गए हैं। प्रशासन का कहना है कि सभी के सहयोग से ही निर्वाचन प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और सुदृढ़ बनाया जा सकता है।
लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा-25 और भारत निर्वाचन आयोग की अक्टूबर 2020 में जारी मैनुअल ऑन पोलिंग स्टेशन के प्रावधानों के तहत यह कवायद की गई है। इसके तहत दोनों विधानसभा क्षेत्रों के सभी मतदेय स्थलों का भौतिक सत्यापन किया गया। साथ ही, जिन मतदान केंद्रों पर 1200 से अधिक मतदाता पंजीकृत थे, उनका सम्भाजन यानी विभाजन करके नए मतदेय स्थल बनाए गए हैं। इसका सीधा उद्देश्य मतदान के दिन लंबी कतारों से बचना और मतदाताओं को सुविधाजनक अनुभव देना है।
जिला प्रशासन ने यह सूची कई जगहों पर उपलब्ध कराई है ताकि कोई भी आसानी से इसे देख सके। यह सूची संबंधित रिटर्निंग ऑफिसर यानी तहसील कार्यालयों, सभी मतदान केंद्रों, मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों और माननीय सांसद एवं विधायकों के अवलोकन के लिए भेजी गई है। इसके अलावा, जनपद की आधिकारिक वेबसाइट पर भी इसे अपलोड कर दिया गया है, जहाँ से कोई भी इसे डाउनलोड कर सकता है।
अगर किसी व्यक्ति या राजनीतिक दल को प्रकाशित सूची में किसी मतदेय स्थल के स्थान, दूरी, भवन की स्थिति या किसी अन्य बिंदु पर आपत्ति है—या फिर कोई सुझाव देना चाहते हैं—तो वे 11 जुलाई 2026 तक लिखित रूप में संबंधित रिटर्निंग ऑफिसर के कार्यालय यानी तहसील में या सीधे जिला निर्वाचन कार्यालय, चित्रकूट में अपनी बात रख सकते हैं। इसके बाद आने वाले सुझावों पर प्रशासन विचार करेगा और ज़रूरी संशोधन कर अंतिम सूची जारी करेगा।
अक्सर देखा जाता है कि मतदान वाले दिन कुछ बूथों पर भारी भीड़ होती है, तो कुछ जगह बूथ की दूरी वजह से बुज़ुर्गों और दिव्यांगों को दिक्कत आती है। इस बार प्रशासन ने पहले ही इन बातों को ध्यान में रखते हुए भौतिक सत्यापन किया है। अगर किसी को अब भी लगता है कि उसके क्षेत्र का मतदेय स्थल दूर है या वहाँ कोई मूलभूत सुविधा नहीं है, तो वह 11 जुलाई तक अपनी बात रख सकता है। चुनाव आयोग और जिला प्रशासन का यह कदम निर्वाचन प्रक्रिया में आम जनता की भागीदारी को सुनिश्चित करने की दिशा में उठाया गया एक सराहनीय प्रयास है।
जिला समाचार
-
-
-
-
-
-
-
चित्रकूट : यमुना किनारे खनन के गड्ढे ने ली एक मासूम की जान!Jun 12, 2026 105 -
-
-
अपनी राय व्यक्त करें (कमेंट्स)
पाठकों की प्रतिक्रियाएं
अभी तक कोई टिप्पणी नहीं है। अपनी राय साझा करें!