21 जून का इतिहास: एक तरफ योग, दूसरी तरफ संगीत! जानिए सबसे लंबे दिन का क्या है राज़
21 जून का इतिहास: एक तरफ योग, दूसरी तरफ संगीत! जानिए सबसे लंबे दिन का क्या है राज़
21 जून को साल का सबसे लंबा दिन होता है। इस दिन सूरज धरती को सबसे ज़्यादा रोशनी देता है, और ठीक इसी दिन दुनिया ने तय किया कि वह अपने भीतर की रोशनी को भी पहचानेगी। यह दिन अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के रूप में मनाया जाता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि इसी तारीख पर भारत के संविधान निर्माताओं ने एक बड़ा फैसला लिया था, दुनिया को पहला ब्लॉकबस्टर वीडियो गेम मिला था, और एक ऐसे संगीतकार का निधन हुआ जिसने साज़ों को ज़िंदगी दी थी? आइए 21 जून के इतिहास की पूरी दास्तान पढ़ते हैं।
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस: जब दुनिया ने भारत से सीखा स्वस्थ रहने का मंत्र
21 जून 2015 को पहली बार पूरी दुनिया ने एक साथ योग किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पहल पर संयुक्त राष्ट्र ने 11 दिसंबर 2014 को 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस घोषित किया था। 2015 में पहले योग दिवस पर 193 देशों ने भाग लिया और दिल्ली के राजपथ पर 35,985 लोगों ने एक साथ योग करके गिनीज़ वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया। तभी से यह दिन सेहत, सुकून और एकता का प्रतीक बन गया है।
भारत की चुनावी आज़ादी: जब संविधान सभा ने चुनाव आयोग को बनाया स्वतंत्र
21 जून 1949 को संविधान सभा में एक ऐसा फैसला लिया गया जो भारतीय लोकतंत्र की रीढ़ बना। इसी दिन यह तय हुआ कि देश में एक स्वतंत्र चुनाव आयोग होगा, जो चुनावों की निष्पक्षता सुनिश्चित करेगा। यह प्रावधान आगे चलकर अनुच्छेद 324 के रूप में संविधान का हिस्सा बना। 25 जनवरी 1950 को चुनाव आयोग का गठन हुआ, लेकिन इसकी नींव 21 जून 1949 को ही रखी गई थी।
कर्नाटक का कल्चरल आइकन: 'बेंगलुरु वेनकटप्पा' का जन्म
21 जून 1906 को कर्नाटक के चिक्काबल्लापुरा में एक ऐसे कलाकार का जन्म हुआ जिसने भारतीय चित्रकला को नई ऊँचाई दी। बेंगलुरु वेनकटप्पा ने पारंपरिक भारतीय कला को आधुनिक दृष्टि दी। वे एक चित्रकार, मूर्तिकार और संगीतकार भी थे। उनकी कलाकृतियाँ आज भी बेंगलुरु के वेनकटप्पा आर्ट गैलरी में सजी हैं। उनका जीवन इस बात का प्रमाण है कि कला की कोई सीमा नहीं होती।
दुनिया की घटनाएँ: गेमिंग से लेकर गर्मियों के आग़ाज़ तक
1981 – 'डॉन्की काँग' ने मारियो को दुनिया से मिलाया
21
जून 1981 को निनटेंडो ने जापान में 'डॉन्की काँग' नाम का आर्केड गेम लॉन्च
किया। इसी गेम में 'जम्पमैन' नाम का एक किरदार था, जो बाद में 'मारियो'
बनकर दुनिया का सबसे मशहूर वीडियो गेम कैरेक्टर बना। आज का गेमिंग
साम्राज्य उसी 21 जून की देन है।
1948 – पहला कमर्शियल LP रिकॉर्ड बाज़ार में आया
कोलंबिया
रिकॉर्ड्स ने 21 जून 1948 को दुनिया का पहला कमर्शियल लॉन्ग प्लेइंग (LP)
विनाइल रिकॉर्ड पेश किया। 33⅓ RPM की स्पीड से चलने वाला यह रिकॉर्ड 23
मिनट तक का संगीत बजा सकता था। इसने संगीत उद्योग में क्रांति ला दी और आने
वाले दशकों तक संगीत प्रेमियों का पसंदीदा माध्यम बना रहा।
ग्रीष्म संक्रांति: साल का सबसे लंबा दिन
21
या 22 जून को उत्तरी गोलार्ध में ग्रीष्म संक्रांति होती है। इस दिन सूर्य
कर्क रेखा के ठीक ऊपर होता है, जिससे यह दिन साल का सबसे लंबा दिन होता
है। इस दिन के बाद धीरे-धीरे दिन छोटे होने लगते हैं। प्राचीन काल से ही
दुनिया भर की संस्कृतियाँ इस दिन को त्योहार की तरह मनाती रही हैं।
विश्व संगीत दिवस: सुरों का जश्न
1982 में फ्रांस में शुरू हुआ 'फेट द ला म्यूज़िक' आज विश्व संगीत दिवस के रूप में 120 से ज़्यादा देशों में मनाया जाता है। 21 जून को सड़कों, पार्कों और चौराहों पर मुफ्त संगीत का आयोजन होता है। यह दिन इस बात का प्रतीक है कि संगीत किसी भाषा, धर्म या सीमा का मोहताज नहीं।
जन्म और निधन: 21 जून को जन्मे और खोए हस्ताक्षर
जन्मदिन:
1905 – ज्यां-पॉल सार्त्र: फ्रांसीसी दार्शनिक और लेखक, जिन्होंने अस्तित्ववाद को दुनिया भर में मशहूर किया। उन्होंने साहित्य का नोबेल पुरस्कार ठुकरा दिया था।
1912 – विष्णु प्रभाकर: हिंदी साहित्य के प्रसिद्ध लेखक, जिन्हें 'अर्धनारीश्वर' और 'आवारा मसीहा' जैसी रचनाओं के लिए जाना जाता है।
1921 – जेन रसेल: हॉलीवुड की गोल्डन एज की मशहूर अभिनेत्री, जो अपनी खूबसूरती और अदाकारी के लिए जानी जाती थीं।
1953 – बेनज़ीर भुट्टो: पाकिस्तान की पहली महिला प्रधानमंत्री, जिनका जीवन संघर्ष और साहस की मिसाल है।
1962 – विक्टर त्सोई: रूसी रॉक संगीतकार, जिन्हें आज भी सोवियत काल के सबसे बड़े संगीत आइकन के रूप में याद किया जाता है।
1981 – ब्रैंडन फ्लावर्स: अमेरिकी रॉक बैंड 'द किलर्स' के मुख्य गायक और कीबोर्डिस्ट।
पुण्यतिथि:
1527 – निकोलो मैकियावेली: इटली के राजनयिक और दार्शनिक, जिनकी किताब 'द प्रिंस' राजनीति की दुनिया में आज भी पढ़ी जाती है।
1940 – जॉन टी. थॉम्पसन: अमेरिकी सेना अधिकारी, जिन्होंने 'थॉम्पसन सबमशीन गन' का आविष्कार किया।
1970 – सुकर्ण: इंडोनेशिया के पहले राष्ट्रपति, जिन्होंने देश को डच उपनिवेशवाद से आज़ादी दिलाने में अहम भूमिका निभाई।
2013 – नंदा कुमार देवरे: भारतीय किसान नेता और सामाजिक कार्यकर्ता।
निष्कर्ष: सूरज, साज़ और सुकून का संगम
21 जून का इतिहास बताता है कि यह दिन हर साल सिर्फ सूरज के उत्तरायण का प्रतीक नहीं है, बल्कि इंसानी सभ्यता के उत्थान का प्रतीक है। चाहे योग की मुद्रा हो, संगीत की लय हो, या संविधान का अनुशासन—21 जून हर पहलू में संतुलन का संदेश देता है। जब आप अगली बार 21 जून को सुबह योग करें या शाम को संगीत सुनें, तो याद रखिएगा कि इसी दिन दुनिया ने करवट ली थी।
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